मध्य प्रदेश के शहडोल जिले के एक सरकारी स्कूल का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में छोटे बच्चे स्कूल परिसर में घनी झाड़ियों और कचरे की सफाई करते दिखाई दे रहे हैं। बरसात के मौसम में बच्चों से इस तरह सफाई कराए जाने को लेकर उनकी सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं। Shahdol Government School Viral Video
हालांकि, वायरल वीडियो की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है।
सरकारी प्राथमिक स्कूल का बताया जा रहा है मामला
जानकारी के अनुसार, यह मामला आदिवासी बाहुल्य जयसिंहनगर विकासखंड के शासकीय प्राथमिक शाला मासियारी का बताया जा रहा है।
वीडियो में कुछ बच्चे स्कूल परिसर की झाड़ियां साफ करते नजर आ रहे हैं, जबकि एक महिला उन्हें सफाई कराती हुई दिखाई देती हैं। वीडियो वायरल होने के बाद विद्यालय प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठने लगे हैं।
महिला का कथित बयान भी चर्चा में
स्थानीय लोगों के अनुसार, जब एक व्यक्ति ने बच्चों से सफाई कराए जाने पर सवाल उठाया और वीडियो बनाना शुरू किया, तो वहां मौजूद महिला ने कथित तौर पर कहा, “अगर स्कूल में बच्चों से सफाई नहीं कराएंगे तो क्या किसी के घर में कराएंगे, वीडियो बनाकर वायरल कर दो।”
इस कथित बयान की भी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

DPC और BEO ने दिए जांच के निर्देश
मामले पर शहडोल DPC ने कहा कि पहले यह मामला उनके संज्ञान में नहीं था। अब वीडियो सामने आने के बाद जांच कराई जाएगी।
वहीं जयसिंहनगर BEO राजेंद्र तिवारी ने बताया कि मामले की जांच के लिए BRC को निर्देश दिए गए हैं। संबंधित शिक्षिका को नोटिस जारी किया गया है और पूरे मामले की जांच की जा रही है।
उन्होंने कहा कि बरसात के मौसम में बच्चों से इस तरह सफाई कराना उचित नहीं है और यह गलत है।
बच्चों की सुरक्षा को लेकर उठे सवाल
शिक्षा के अधिकार और बाल संरक्षण से जुड़े प्रावधानों के अनुसार, विद्यालयों में बच्चों से जोखिम भरे या श्रम जैसे कार्य कराना उचित नहीं माना जाता। स्कूलों का उद्देश्य बच्चों को सुरक्षित वातावरण में शिक्षा उपलब्ध कराना है।
फिलहाल शिक्षा विभाग मामले की जांच कर रहा है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि बच्चों से किन परिस्थितियों में सफाई कराई गई और जिम्मेदारों के खिलाफ क्या कार्रवाई की जाएगी।











