Durg-Bhopal Amarkantak Express: भारतीय रेलवे ने दुर्ग-भोपाल-दुर्ग अमरकंटक एक्सप्रेस में सफर करने वाले स्लीपर क्लास के यात्रियों के लिए बेडरोल सुविधा शुरू कर दी है। अब यात्री जरूरत के अनुसार चादर और तकिया किराए पर ले सकेंगे। इसके लिए अलग से सुविधा शुल्क देना होगा।
रेलवे ने इस सेवा के संचालन के लिए एक निजी कंपनी को ठेका दिया है। यह अनुबंध अगले पांच वर्षों यानी 2031 तक के लिए किया गया है।
चादर और तकिये का कितना लगेगा शुल्क?
रेलवे के अनुसार, स्लीपर क्लास के यात्रियों के लिए बेडरोल का शुल्क इस प्रकार तय किया गया है—
- चादर: 40 रुपये
- तकिया: 30 रुपये
- चादर और तकिया दोनों: 70 रुपये
यात्री अपनी जरूरत के अनुसार केवल चादर, केवल तकिया या दोनों किराए पर ले सकते हैं।
इन ट्रेनों में मिलेगी सुविधा
यह सुविधा फिलहाल अमरकंटक एक्सप्रेस की दोनों दिशाओं में उपलब्ध रहेगी।
- ट्रेन नंबर 12853 – दुर्ग से भोपाल
- ट्रेन नंबर 12854 – भोपाल से दुर्ग
अब तक यह सुविधा मुख्य रूप से एसी कोच के यात्रियों को मिलती थी, जबकि स्लीपर क्लास के यात्रियों को अपना बिस्तर साथ लेकर यात्रा करनी पड़ती थी।
यात्रियों को होगा फायदा
रेलवे का मानना है कि इस सुविधा से लंबी दूरी की यात्रा करने वाले स्लीपर क्लास के यात्रियों को राहत मिलेगी। अब उन्हें चादर और तकिया साथ लेकर चलने की जरूरत नहीं होगी और जरूरत पड़ने पर ट्रेन में ही किराए पर बेडरोल उपलब्ध हो जाएगा।

चेन्नई डिवीजन पहले ही कर चुका है शुरुआत
इससे पहले दक्षिण रेलवे के चेन्नई डिवीजन ने 1 जनवरी 2026 से स्लीपर क्लास यात्रियों के लिए बेडरोल सुविधा शुरू की थी। वहां एक चादर, एक तकिया और तकिया कवर का पैकेज 50 रुपये में उपलब्ध कराया गया था।
इन ट्रेनों में पहले से मिल रही है सुविधा
चेन्नई डिवीजन की जिन ट्रेनों में यह सुविधा पहले से उपलब्ध है, उनमें शामिल हैं—
- 12671/12672 नीलगिरी सुपरफास्ट एक्सप्रेस
- 12685/12686 मैंगलोर सुपरफास्ट एक्सप्रेस
- 16179/16180 मन्नारगुड़ी एक्सप्रेस
- 20605/20606 तिरुचेंदुर सुपरफास्ट एक्सप्रेस
- 22651/22652 पालघाट एक्सप्रेस
- 20681/20682 सिलंबु सुपरफास्ट एक्सप्रेस
- 22657/22658 तांबरम–नागरकोइल सुपरफास्ट एक्सप्रेस
- 12695/12696 त्रिवेंद्रम सुपरफास्ट एक्सप्रेस
- 22639/22640 अल्लेप्पी सुपरफास्ट एक्सप्रेस
- 16159/16160 मैंगलोर एक्सप्रेस
रेलवे का उद्देश्य चरणबद्ध तरीके से अधिक ट्रेनों में स्लीपर क्लास यात्रियों के लिए यह सुविधा उपलब्ध कराना है, ताकि लंबी दूरी की यात्रा अधिक आरामदायक बन सके।













